सामग्री पर जाएँ
सभी गाइड
मार्केटिंग और विज़िबिलिटी5 मिनट पढ़ें

अपने बिज़नेस के लिए रेफ़रल और लॉयल्टी प्रोग्राम कैसे बनाएं?

सरल रेफ़रल और लॉयल्टी प्रोग्राम के कदम: साफ़ इनाम, हर ग्राहक का अपना कोड और आसान ट्रैकिंग, जो व्हाट्सऐप पर आसानी से शेयर हो।

किसी की सिफ़ारिश पर आने वाला ग्राहक भरोसे के साथ आता है और विज्ञापन से आए ग्राहक के मुकाबले सस्ता पड़ता है। पुराने ग्राहक को दोबारा लाना भी हर बार नया ग्राहक खोजने से अक्सर सस्ता होता है।

इसके लिए ऐप या जटिल पॉइंट सिस्टम ज़रूरी नहीं। छोटे बिज़नेस के लिए एक सरल नियम, हर व्यक्ति का एक कोड और नतीजे लिखने की जगह काफ़ी है।

साफ़ और आसान इनाम रखें, हर ग्राहक को उसका अपना कोड दें और उसे व्हाट्सऐप पर शेयर करवाएं। सरल शुरू करें और जटिल बनाने से पहले नतीजे मापें।

इनाम साफ़ रखें

नियम एक वाक्य में कहा जा सके: आप दोस्त को बताएं, उसे पहली खरीद पर छूट मिलेगी और उसके खरीदने पर आपको क्रेडिट या तोहफ़ा मिलेगा। अगर शर्तें पढ़ने में समय लगे तो लोग हिस्सा नहीं लेते।

इनाम इतना रखें जो आपके मार्जिन को नुकसान न पहुंचाए। पहले हिसाब लगाएं कि एक नया ग्राहक लाने में अभी कितना खर्च होता है और उससे कम रहें।

  • सिफ़ारिश करने वाले और आने वाले दोनों के लिए फ़ायदा।
  • आसान शर्तें: पहली खरीद, ज़रूरत हो तो न्यूनतम राशि।
  • क्रेडिट की साफ़ समय-सीमा।

हर ग्राहक का अपना कोड

व्यक्ति के नाम वाला कोड, जैसे RAHUL10, याद रखना, शेयर करना और ट्रैक करना आसान है। आप जान पाते हैं कि हर बिक्री कहां से आई और किसे धन्यवाद देना है।

एक टेबल में कोड, इस्तेमाल करने वाला और बाकी इनाम लिखते रहें। शुरुआत में स्प्रेडशीट काफ़ी है, ऑर्डर बढ़ें तो ऑटोमेट करें। UPI या Razorpay से भुगतान हो तो पेमेंट की पुष्टि के बाद ही इनाम दें।

व्हाट्सऐप पर शेयर करना आसान बनाएं

ज़्यादातर सिफ़ारिशें चैट में होती हैं। फ़ॉरवर्ड के लिए तैयार संदेश रखें जिसमें आपका लिंक और कोड हो, और खरीद के बाद धन्यवाद पेज पर शेयर बटन लगाएं।

जब ग्राहक सबसे ज़्यादा खुश हो, यानी डिलीवरी या काम पूरा होने पर, तब सिफ़ारिश के लिए कहें।

  • पहले से भरे टेक्स्ट वाला व्हाट्सऐप शेयर बटन।
  • धन्यवाद पेज पर ग्राहक का कोड।
  • दो महीने बाद हल्का रिमाइंडर।

पुराने ग्राहकों के लिए सरल लॉयल्टी

डिजिटल स्टैम्प कार्ड, पांचवीं खरीद पर छूट या नए उत्पादों की पहले जानकारी बिना झंझट के काम करती है। अहम यह है कि ग्राहक को अपनी प्रगति दिखे।

ग्राहकों के नाम, फोन नंबर और खरीद का रिकॉर्ड रखें तो उन्हें बताएं, प्रचार संदेशों की सहमति लें और डेटा सुरक्षित रखें। छूट का हिसाब रखते समय GST बिल में सही राशि दिखाना न भूलें।

Uttra के साथ बनाएं

चैट में कहें: एक रेफ़र करें और कमाएं पेज बनाओ जहां हर ग्राहक अपना कोड देखे, व्हाट्सऐप पर शेयर का बटन हो और डैशबोर्ड में टेबल हो कि किसका कोड किसने इस्तेमाल किया। आप लाइव देखेंगे, चैट से बदलाव करेंगे और पब्लिश करेंगे।

आम सवाल

यह आपके मार्जिन और ग्राहक पर निर्भर है। छूट समझना आसान है, तोहफ़ा ज़्यादा कीमती लग सकता है। एक महीना एक आज़माएं और नतीजा देखें।

नहीं, शुरू करने के लिए कोड और टेबल काफ़ी हैं। ऐप तब सोचें जब बार-बार खरीदने वाले ग्राहक बहुत हो जाएं।

हर नए ग्राहक पर एक बार इस्तेमाल की सीमा रखें, बार-बार आने वाले कोड देखें और खरीद की पुष्टि से पहले इनाम न दें।

अपने प्रोजेक्ट पर आज़माएँ

जो चाहते हैं अपने शब्दों में बताइए और अपनी साइट या सिस्टम को बनते देखिए — फिर बातचीत से बदल दीजिए।

मुफ़्त शुरू करें

संबंधित गाइड